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कैंसर पीडि़त बच्चे का लोगों ने यूं दिल बहलाया

वेमाउथ, मैसाचुसेट्स में तीन वर्ष के बच्चे क्विन को ब्रेन ट्यूमर है। क्विन के माता-पिता तारा और जरलथ वाटर्स को फरवरी में एमआरआई करवाने के बाद पता चला कि बेटे को ट्यूमर है। बोस्टन में सर्जरी और कई दौर की कीमोथैरेपी (chemotherapy) के बाद स्टेम सेल ट्रंसप्लांट किया गया। इसके बाद क्विन के माता-पिता डॉक्टर्स से अनुमति लेकर अक्टूबर तक क्विन के घर ले आए, ताकि वह एकांत में रह सके। अब अगली जांच में पता चलेगा कि उसकी प्रतिरक्षा प्रणाली में कितना सुधार हुआ है। वाटर्स दंपती जानते थे कि उस बच्चे को एकांत में रखना काफी मुश्किल होगा, जो स्कूल में अपनी पहली कक्षा के लिए बेसब्री से इंतजार कर रहा था।

बच्चे की पुलिस अफसर मां तारा का कहना है कि बीमारी का पता चलने पर पहले दो युवकों ने खिडक़ी के पास बैठे क्विन को गिटार बजाकर खुश किया। इसके बाद 200 ट्रक ड्राइवर्स ने गाडिय़ां रोककर उसे रिझाया और फिर ये क्रम बढ़ता गया। मैसाचुसेट्स के कुछ पुलिसकर्मियों ने क्विन की खुशी के लिए तरह-तरह के कारनामे दिखाए। एक कार्निवल नृत्यांगना ने खिडक़ी से देख रहे क्विन को काफी हर्षित किया।

150 किमी चलकर आया साइक्लिस्ट दल
क्विन के पिता जरलथ वाटर्स ने कहा, यह निश्चिय ही क्विन का हौसला बढ़ाने वाला है। खास बात ये है कि दिनभर क्विन का मनोरंजन करने वाले लोगों में ज्यादातर अजनबी हैं, जो उससे कभी नहीं मिले। कुछ लोग क्विन के लिए मीलों चलकर उसका दिल बहाने आते हैं। 24 अगस्त को सैकड़ों साइकिल चालक वेमाउथ सिर्फ क्विन के चेहरे पर मुस्कान देखने के लिए उसके घर के आगे जमा हुए। हैरानी की बात है कि 550 किमी की यात्रा में करीब 150 किमी तो वे अलग से क्विन के लिए चले।



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कैंसर पीडि़त बच्चे का लोगों ने यूं दिल बहलाया

वेमाउथ, मैसाचुसेट्स में तीन वर्ष के बच्चे क्विन को ब्रेन ट्यूमर है। क्विन के माता-पिता तारा और जरलथ वाटर्स को फरवरी में एमआरआई करवाने के बाद पता चला कि बेटे को ट्यूमर है। बोस्टन में सर्जरी और कई दौर की कीमोथैरेपी (chemotherapy) के बाद स्टेम सेल ट्रंसप्लांट किया गया। इसके बाद क्विन के माता-पिता डॉक्टर्स से अनुमति लेकर अक्टूबर तक क्विन के घर ले आए, ताकि वह एकांत में रह सके। अब अगली जांच में पता चलेगा कि उसकी प्रतिरक्षा प्रणाली में कितना सुधार हुआ है। वाटर्स दंपती जानते थे कि उस बच्चे को एकांत में रखना काफी मुश्किल होगा, जो स्कूल में अपनी पहली कक्षा के लिए बेसब्री से इंतजार कर रहा था।

बच्चे की पुलिस अफसर मां तारा का कहना है कि बीमारी का पता चलने पर पहले दो युवकों ने खिडक़ी के पास बैठे क्विन को गिटार बजाकर खुश किया। इसके बाद 200 ट्रक ड्राइवर्स ने गाडिय़ां रोककर उसे रिझाया और फिर ये क्रम बढ़ता गया। मैसाचुसेट्स के कुछ पुलिसकर्मियों ने क्विन की खुशी के लिए तरह-तरह के कारनामे दिखाए। एक कार्निवल नृत्यांगना ने खिडक़ी से देख रहे क्विन को काफी हर्षित किया।

150 किमी चलकर आया साइक्लिस्ट दल
क्विन के पिता जरलथ वाटर्स ने कहा, यह निश्चिय ही क्विन का हौसला बढ़ाने वाला है। खास बात ये है कि दिनभर क्विन का मनोरंजन करने वाले लोगों में ज्यादातर अजनबी हैं, जो उससे कभी नहीं मिले। कुछ लोग क्विन के लिए मीलों चलकर उसका दिल बहाने आते हैं। 24 अगस्त को सैकड़ों साइकिल चालक वेमाउथ सिर्फ क्विन के चेहरे पर मुस्कान देखने के लिए उसके घर के आगे जमा हुए। हैरानी की बात है कि 550 किमी की यात्रा में करीब 150 किमी तो वे अलग से क्विन के लिए चले।

https://ift.tt/30jjYxR September 22, 2019 at 03:51AM

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